भारत-वियतनाम रक्षा संबंध हुए और मजबूत, कई अहम मुद्दों पर चर्चा
हनोई। भारत और वियतनाम ने हिंद-प्रशांत (इंडो-पैसिफिक) क्षेत्र में शांति, स्थिरता, सुरक्षा और नौवहन की स्वतंत्रता बनाए रखने के प्रति अपनी साझा प्रतिबद्धता को एक बार फिर मजबूती से दोहराया है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को वियतनाम की राजधानी हनोई में वहां के उप प्रधानमंत्री एवं राष्ट्रीय रक्षा मंत्री जनरल फान वान जियांग के साथ एक उच्च स्तरीय द्विपक्षीय बैठक की। इस बैठक में दोनों देशों के बीच लगातार बढ़ रहे रक्षा संबंधों की समीक्षा की गई तथा समुद्री सुरक्षा, सैन्य प्रशिक्षण और क्षेत्रीय स्थिरता को लेकर सहयोग के नए रास्तों पर चर्चा हुई।
द्विपक्षीय बैठक के मुख्य बिंदु और सहयोग के क्षेत्र
दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों के बीच हुई इस रणनीतिक बैठक में वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य को ध्यान में रखते हुए कई अहम समझौतों और भावी योजनाओं पर मुहर लगी:
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वैश्विक सुरक्षा पर मंथन: दोनों पक्षों ने क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा से जुड़े समसामयिक घटनाक्रमों पर विस्तार से अपने विचारों का आदान-प्रदान किया।
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बहुआयामी सहयोग पर सहमति: रक्षा मंत्रियों ने सैन्य प्रशिक्षण, रक्षा उद्योग में आपसी सहयोग, समुद्री सुरक्षा, क्षमता निर्माण, संयुक्त राष्ट्र (UN) के शांति अभियानों, साइबर सुरक्षा और दोनों देशों के बीच उच्च स्तरीय दौरों को बढ़ाने पर सहमति जताई।
वियतनाम के राष्ट्रपति से मुलाकात और व्यापक चर्चा
अपनी इस यात्रा के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वियतनाम के जनरल सेक्रेटरी और राष्ट्रपति तो लाम से भी एक विशेष शिष्टाचार मुलाकात की।
रक्षा मंत्री का बयान: मुलाकात के बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि राष्ट्रपति तो लाम से मिलकर उन्हें बेहद सम्मान की अनुभूति हुई। इस बैठक के दौरान भारत-वियतनाम व्यापक रणनीतिक साझेदारी को और अधिक प्रगाढ़ बनाने, क्षेत्रीय सुरक्षा को पुख्ता करने और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने जैसे अत्यंत महत्वपूर्ण मुद्दों पर बेहद सकारात्मक बातचीत हुई।
एआई (AI) और क्वांटम टेक्नोलॉजी में ऐतिहासिक समझौता
इस दौरे की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक दोनों देशों के बीच अत्याधुनिक तकनीक को लेकर हुआ करार रहा, जिसे द्विपक्षीय संबंधों में एक मील का पत्थर माना जा रहा है:
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एमओयू का आदान-प्रदान: भारत के 'मिलिट्री कॉलेज ऑफ टेलीकम्युनिकेशंस इंजीनियरिंग' और वियतनाम की 'टेलीकम्युनिकेशंस यूनिवर्सिटी' के बीच आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और क्वांटम टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए।
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वियतनाम में भारत स्थापित करेगा AI लैब: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वियतनाम के न्हा ट्रांग स्थित दूरसंचार विश्वविद्यालय में भारत के सहयोग से एक अत्याधुनिक कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रयोगशाला (AI Lab) स्थापित करने की बड़ी घोषणा की।
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भाषा प्रयोगशाला का डिजिटल उद्घाटन: इसके अतिरिक्त, दोनों देशों के रक्षा मंत्रियों ने वियतनाम के वायुसेना अधिकारी महाविद्यालय में भारतीय वित्तीय व तकनीकी सहायता से तैयार की गई एक आधुनिक भाषा प्रयोगशाला (Language Lab) का वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन भी किया।

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